खबर एक्सप्रेस बिहार न्यूज़24 , मुजफ्फरपुर [ बिहार ] : यूँ तो मिटटी व बालू के खनन और परिवहन के लिए कायदे – कानून बनाए गए है और खनन तथा परिवहन के लिए खनन विभाग से अनुमति लेना आवश्यक है | अवैध खनन और परिवहन रोकने के जिम्मेदारी स्थानीय अंचलाधिकारी,पुलिस और खनन विभाग की है लेकिन जिम्मेदार अधिकारी ही जब सुप्तावस्था में हो तो अवैध खनन के धंधे से जुड़े धंधेबाजो का मनोबल बढना भी लाजिमी है ?
मुजफ्फरपुर जिले के आधा दर्जन से अधिक स्थानों पर माटी माफियाओ के द्वारा अवैध तरीके से खनन व परिवहन किए जाने का गंभीर मामला प्रकाश में आया है | जानकारी के मुताबिक मुशहरी अंचल क्षेत्र के कन्हौली, राजवाडा और आथर गाँव में दिन – रात अवैध खनन और परिवहन का धंधा जोरो पर है लेकिन मुशहरी के अंचलाधिकारी , कोतवाल और जिला खनन कार्यालय के पदाधिकारियों की कुम्भकर्णी निंद्रा टूटने का नाम नहीं ले रहा है |
वही मुरौल अंचल क्षेत्र के मुरौल ढाब , महम्मदपुर ढाब और रैनी ढाब में अवैध खनन और परिवहन का धंधा जोरो पर है , लेकिन मुरौल के अंचलाधिकारी , सकरा थाना के कोतवाल और खनन विभाग के अधिकारी के कानो पर जू तक नहीं रेंग रहा है | इस अवैध धंधे से जुड़े लोगो की माने तो खनन और परिवहन के लिए अनुमति की कोई आवश्यकता नहीं है | खनन विभाग के इंस्पेक्टर की मौन स्वीकृति की वजह से धंधा फल – फुल रहा है |

वही कुढनी अंचल क्षेत्र के छाजन चौर में जेसीबी से मिटटी खोदने और दर्जन भर से अधिक ट्रैक्टर से परिवहन किए जाने का मामला प्रकाश में आया है | इस बाबत कुढनी के अंचलाधिकारी अनिल संतोषी से पूछे जाने पर उन्होंने कहा है कि मामले की तत्काल जांच कराई जा रही है , जांचोपरांत कार्रवाई की जाएगी |
इसके अलावे सरैया अंचल क्षेत्र के गोरिगामा डीह में भी अवैध खनन जारी है | यहा से मिटटी खोदकर कुढनी अंचल के तुर्की में मिटटी भरने का कार्य हाइवा से किया जा रहा है | इस बाबत मिटटी ले जा रहे हाइवा के चालक का कहना है कि खनन विभाग से अनुमति है या नहीं वह नहीं जानता है , वह ठीकेदार के कहने पर गाडी चला रहा है |
जिले के आधा दर्जन से अधिक स्थानों पर हो रहे अवैध खनन और परिवहन मामले को लेकर जिला खनन पदाधिकारी से सम्पर्क स्थापित करने की कोशिशे की गई , लेकिन सम्पर्क स्थापित नहीं होने की वजह से उनका पक्ष नहीं जाना जा सका है |
